ऑनलाइन डेस्क/लिविंग इंडिया न्यूज:- देश भर में जहां आज कार्तिक पूर्णिमा, देव-दीपावली और गुरु पर्व की धूम मनायी जा रही है। वहीं आज श्री गुरु नानक देव का 550वां प्रकाश पर्व भी बहुत ही धूमधाम से भारत समेत पूरे विश्व में मनाया जा रहा है। इस बेहद श्रद्धा भरे खास अवसर पर गुरुद्वारों की साज-सजा शर्धालुओं के मन को मोह रही है।  गुरू साहिबान के दर्शन के दीदार के लिए सुबह से ही शर्धालुओं का तांता लगना शुरू है।

आपको बता दें कि विक्रमी समंत के अनुसार गुरु नानक देव जी का जन्म समंत 1526 को कार्तिक मास की पूर्णिमा के दिन हुआ था, जबकि, अंग्रेजी क्लेंडेर के मुताबिक गुरुनानक देव जी का जन्म 15 अप्रैल 1469 को रायभोर की तलवंडी साबो मे महितकालू के घर हुआ था। सिख धर्म में इस दिन का बहुत महत्व है, इस दिन को प्रकाश पर्व के रूप में मनाया जाता है, गुरद्वारों को दिवाली की तरह सजाया जाता है।

सुल्तानपुर लोधी में गुरुद्वारा श्री बेर साहिब में शर्धालुओं का तांता लगा हुआ है। वहीं दिल्ली में गुरुद्वारा बंगला साहिब में, अमृतसर में स्वर्ण मंदिर में लाखो की संख्या में शर्धालु दर्शन के लिए उमड़ रहे हैं। सिक्ख धर्म के प्रथम गुरु और देश को ज्ञान की तरफ ने जाने वाले श्री गुरु नानक देव जी का जन्मोत्सव को जश्न के रूप में मनाया जाता है।

इस अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी ने भी ट्विटर पर सभी देश वासियों को 550वें प्रकश उत्सव की बधाई दी। राहुल गांधी ने भी ट्वीट कर शुभकामनायें दी। वहीं कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर गुरु नानक देव जी के जयंती पर संदेश दिया कि सेवा से बड़ा कोई व्यापार नहीं है। हर  धर्म का मूल संदेश इंसानियत से प्रेम करना होता है। औरतों को सम्मान देना हमारा प्रथम कर्तव्य है, जात-पात, ऊंच-नीच सब यहीं रह जानी है। दुनिया को नयी राह दिखाने वाले श्री गुरु नानक देव जी की वाणी को, उनके उदेश्यों को आज हमारे देश को बहुत जरूरत है। 550वें गुरु पर्व की आप सभी को ढेरों शुभकामनाएं।

 

वहीं दूसरी और आज के इस दिन को कार्तिक पूर्णिमा के मतव से पूजा जाता है।  कार्तिक की ब्रह बेला में हिन्दू धर्म के लोग कार्तिक मास की कथा का उच्चारण करते है, भजन करते है। कार्तिक की पूर्णिमा को हवन, यज्ञ, दान आदि करते है।  इस दिन लोग गंगा स्नान , सरयू स्नाना भी करते हैं और घर में सुख-शांति की कामना करते हैं।

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

LEAVE A REPLY